सहाड़ा विधानसभा उपचुनाव: पीतलिया ने नाम वापस लिया, भाजपा सहित कांग्रेस को मिली राहत, फिर भी मुकाबला त्रिकोणीय रहेगा

 


भीलवाड़ा (हलचल)। सहाड़ा विधानसभा उपचुनाव में भाजपा की ओर से टिकट नहीं देने से बगावत पर उतरे लादूलाल पीतलिया ने निर्दलीय परचा भरने के बाद नाटकीय घटनाक्रम में शुक्रवार को नाम वापस ले लिया। हालांकि पीतलिया की नाम वापसी के बाद भी सहाड़ा में त्रिकोणीय मुकाबला रहेगा। 
गौरतलब है कि सहाड़ा विधानसभा उपचुनाव में भाजपा ने डॉ. रतनलाल जाट को टिकट दिया है। वर्ष 2018 के विधानसभा चुनाव में भी भाजपा ने पीतलिया को टिकट नहीं दिया था। तब भी पीतलिया ने निर्दलीय चुनाव लड़ा था। हालांकि पीतलिया व भाजपा दोनों को ही हार का सामना करना पड़ा था। उपचुनाव की सुगबुगाहट के बीच भाजपा पीतलिया को वापस पार्टी में लाई। पीतलिया ने भाजपा के लिए पूरी भागदौड़ भी की लेकिन उपचुनाव में भाजपा ने एक बार फिर पीतलिया को टिकट नहीं दिया। इससे पीतलिया नाराज हो गए और उन्होंने एक बार फिर भाजपा से बगावत करते हुए भाजपा व निर्दलीय के रूप में परचा दाखिल कर दिया। भाजपा से भरा गया उनका नामांकन चुनाव चिन्ह के अभाव में निर्वाचन अधिकारी ने खारिज कर दिया था वहीं निर्दलीय के रूप में उनका परचा स्वीकार कर लिया गया। इसके बाद भाजपा नेतृत्व में खलबली मच गई। भाजपा को अपने समीकरण गड़बड़ाते नजर आए और वह पीतलिया को मनाने के प्रयास में जुट गए। बेंगलुरु में पीतलिया का बिजनेस है और सूत्रों की मानें तो भाजपा ने वहां के प्रतिष्ठित लोगों व जनप्रतिनिधियों से भी पीतलिया की मान-मनुहार करवाई है। पीतलिया के नाम वापस लेने से भाजपा के खेमे में राहत है वहीं कांगे्रस ने भी चैन की सांस ली है। अगर पीतलिया निर्दलीय चुनाव लड़ते तो भाजपा व कांग्रेस दोनों के सामने समस्या खड़ी हो सकती थी। इसके अलावा एक और प्रत्याशी के नाम वापस लेने की जानकारी मिली है। 

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