Sunday, January 31, 2021

बागियों की बढी मान-मनुहार, सभापति के कई दावेदार हुए पराजित

 


भीलवाड़ा (हलचल)। नगर परिषद चुनाव में मतदाताओं ने कई नेताओं और सभापति दावेदारों को मत के माध्यम से धूल चटा दी है। इनमें ज्यादातर भाजपा के नेता और पदाधिकारी शामिल है। भाजपा ने जिन्हें टिकट नहीं दिया है वे बागी हो गये और चुनाव मैदान में जीत का सेहरा बांधकर सामने आये है। अब इन्हीं बागियों को मनाया जा रहा है कि वे पार्टी में लौट आये ताकि बोर्ड बन सके लेकिन अब निर्दलीय भी अब अपनी अहमियत दिखा रहे है। 
तीन जिलाध्यक्षों के वार्ड में किसी पार्टी का नहीं जीता प्रत्याशी :
भीलवाड़ा नगर परिषद चुनाव में कई दिग्गजों के क्षेत्रों में प्रत्याशी हार गये है इनमें सबसे बड़ी चुनौती और चर्चा की सीट भाजपा, कांग्रेस और आम आदमी पार्टी के  जिलाध्यक्षों के वार्ड 62 वाली रही है जहां किसी भी पार्टी का कोई प्रत्याशी नहीं जीता और निर्दलीय ने बाजी मारी है। इनमें ओमप्रकाश विजयी रहा है जबकि कांग्रेस घनश्याम सेन को मात्र 135 और भाजपा के बाबूलाल टांक को 666 वोट ही मिले। इसे काफी होट सीट माना जा रहा था। सांसद सुभाष बहेडिय़ा के वार्ड 63 में भी भाजपा को हार का मुंह देखना पड़ा है। यहां पार्टी के योगेश दाधीच कांग्रेस के धर्मेन्द्र पारीक से पराजित हो गये। 
कांग्रेस छोड़ जैन नेता भाजपा में गये फिर भी नहीं जीते शर्मा
इसी तरह भाजपा से सभापति के दावेदार माने जा रहे पूर्व जिला महामंत्री तुलसीराम शर्मा वार्ड नम्बर 40 से पराजित हो गये। यहां कांग्रेस के सभापति के दावेदार ओमप्रकाश नराणीवाल विजयी रहे है। इस सीट को लेकर यह माना जा रहा था कि भाजपा प्रत्याशी विजयी रहेंगे। इसके पीछे जैन समाज के सौ से ज्यादा पदाधिकारी कांग्रेस छोड़कर भाजपा शामिल हुए थे। कांग्रेस के लोग ही यह मानने लगे थे कि नराणीवाल का अब निकलना मुश्किल है लेकिन नराणीवाल की चाणक्य नीति ने शर्मा को 319 वोटों से पटखनी दी है।
भाजपा के कई पदाधिकारी हारे : 
उधर भाजपा में सभापति के दावेदार माने जा रहे वार्ड नम्बर 20 से गोविंद राठी, वार्ड 61 से छैलबहारी जोशी, वार्ड 35 से ललित अग्रवाल, भी चुनाव नहीं जीत पाये। इनमें गोविंद राठी पार्टी के कोषाध्यक्ष है, छैलबिहारी युवा मोर्चा से जुड़े रहे है और प्रहलाद त्रिपाठी कई चुनाव जीतकर सशक्त दावेदार माने जा रहे थे लेकिन त्रिपाठी को बजरंग दल के कार्यकर्ता सागर पांडे ने पटखनी दे दी। जबकि संघ से जुड़े और सर्वमान्य दावेदार माने जा रहे गोविंद राठी भी चुनाव नहीं जीत सके है।
कांग्रेस में कई बार पार्षद रह चुके वार्ड 23 से बलविंदर सिंह बिल्लू चुनाव हार गये है। इसी तरह भाजपा से वार्ड नम्बर 16 से पहलवान करण गुर्जर भी सीट नहीं बचा सके। 

राजस्थान में नहीं लगेगा लॉकडाउन, लेकिन सख्ती वैसी ही रहेगी: चिकित्सा मंत्री

  भीलवाड़ा (हलचल)।  चिकित्सा मंत्री डॉ. रघु शर्मा ने कहा है कि कोरोना के बढ़ते संक्रमण के बाद भी राजस्थान में लॉकडाउन नहीं लगाया जाएगा लेकिन...