रोज़ खाते हैं चावल तो हो जाएं सावधान, सेहत को होते हैं ये 5 नुकसान!

 

लाइफस्टाइल डेस्क।  चावल भारतीय व्यंजन का बड़ा हिस्सा है। इसके बिना खाने की थाली अधूरी रह जाती है। देश के कई राज्यों में रोटी नहीं बल्कि तीन टाइम चावल ही खाए जाते हैं। दाल-चावल, राजमा-चावल, छोले-चावल लगभग सभी के फेवरिट होते हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि लगातार चावल खाना सेहत को बड़ा नुकसान भी पहुंचा सकता है।

चावल को रोटी के मुकाबले पकाना ज़्यादा आसान है और यह जल्दी भी पक जाते हैं। एक वजह यह भी है, लोग क्यों चावल खाते हैं। लेकिन, ज़्यादा चावल खाना आपको मरीज़ बना सकता है।

डायबिटीज़

रोज़ चावल खाना या फिर ज़्यादा मात्रा में खाने के कई नुकसान हैं। जिनमें से एक डायबिटीज़ यानी मधुमेह से भी जुड़ा है। पके हुए चावल की एक कटोरी में कम से कम 10 चम्मच के बराबर कैलोरी होती है। रोज़ अगर आप इस मात्रा में चावल खाते हैं, तो डायबिटीज़ का ख़तरा बढ़ता है। इससे शुगर का स्तर बढ़ता है। इसलिए डायबिटिक लोगों को चावल न खाने की सलाह दी जाती है।

वज़न बढ़ना

क्योंकि पके हुए चावलों में कैलोरी ज़्यादा होती है इसलिए इसे खाने से मोटापे का ख़तरा रहता है। अगर पहले से ही आपका वज़न ज़्यादा है, तो चावल कम खाएं।

ज़रूरत से ज़्यादा खाना

चावल हेवी होते हैं, इसलिए इसे खाने से पेट जल्दी भर जाता है और आसानी से पच भी जाता है। हालांकि, चावल जल्दी पच जाते हैं इसलिए थोड़ी देर में फिर भूख लगने लगती है। आप भूख मिटाने के लिए फिर कुछ न कुछ खा लेते हैं, ऐसे ज़बरदस्ती ओवर ईटिंग हो जाती है।

पाचन शक्ति कमज़ोर होती है

फेद चावलों में फाइबर की मात्रा काफी कम होती है। इसलिए अगर चावल ज़्यादा खा लिए जाएं, तो गैस-एसिडिटी की समस्या होने लगती है।

आलस बढ़ता है

चावल खाने से नींद आने लगती है। खासतौर पर अगर दिन में खा लिए जाएं, तो नींद से लड़ना मुश्किल हो जाता है। ऐसा इसलिए क्योंकि चावल खाने से शरीर में शुगर की मात्रा तेज़ी से बढ़ती है जिसकी वजह से नींद आने लगती है।

विटामिन-सी की कमी

सफेद चावलों में विटामिन-सी की मात्रा बेहद कम होती है, इसलिए इसे खाने से शरीर को ज़रूरी विटामिन और पोषण नहीं मिल पाते। यही वजह है कि यह हड्डियों को फायदा नहीं पहुंचता बल्कि इसके ज़्यादा सेवन से हड्डियां कमज़ोर होने लगती हैं।

Disclaimer:लेख में उल्लिखित सलाह और सुझाव सिर्फ सामान्य सूचना के उद्देश्य के लिए हैं और इन्हें पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। कोई भी सवाल या परेशानी हो तो हमेशा अपने डॉक्टर से सलाह लें।

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