व्रत के दौरान किन चीज़ों को खाने की होती है मनाही, जान लेना है जरूरी

 


 

शरद नवरात्रि की शुरुआत में अब कुछ ही दिन बचे हैं लेकिन इसकी तैयारियां जोरो-शोरों से चल रही हैं। मां दुर्गा को समर्पित नवरात्रि के दौरान भक्तगण पूरी श्रद्धा से व्रत और पूजा करते हैं। जहां कुछ लोग नौ दिनों का व्रत करते हैं तो वहीं कुछ लोग सिर्फ पहला और आखिरी व्रत ही रखते हैं लेकिन व्रत रखने के नियम और तरीके हर किसी के लिए समान ही होते हैं। वैसे तो नवरात्रि का पर्व साल में चार बार मनाया जाता है लेकिन अश्विन मास में पड़ने वाली शरद नवरात्रि का इन चारों में सबसे ज्यादा महत्व होता है और सबसे ज्यादा धूम और उत्साह भी इसी में देखने को मिलती है।

तो अगर आप इस नवरात्रि नौ दिनों का व्रत रखने की सोच रहे हैं तो सबसे पहले व्रत के उन खास नियमों के बारे में जान लेना जरूरी है जिसमें पूजा के साथ खानपान भी जुड़ा हुआ है। व्रत में क्या खाना है क्या नहीं खाना चाहिए। आज इसी के बारे में जानेंगे।

व्रत में इन चीज़ों को खाना करें अवॉयड

लहसुन, प्याज, गेहूं, चावल, दाल, मीट, अंडा कुछ खास मसाले जैसे हल्दी, धनिया, हींग, गरम मसाला, राई/सरसों, लौंग इन सभी को नवरात्रि व्रत के दौरान अवॉयड करें। इसके अलावा आमतौर पर खाने का स्वाद बढ़ाने वाले नमक की जगह सेंधा नमक का इस्तेमाल किया जाता है। साथ ही सरसों, रिफाइंड ऑयल की जगह घी या मूंगफली के तेल का इस्तेमाल करना चाहिए।

शराब और दूसरे तरह के ध्रूमपान भी व्रत के समय नहीं करने चाहिए।

इन चीज़ों का कर सकते हैं सेवन

नवरात्रि में खाने के लिए बनाई जाने वाली चीज़ों में जीरा, काली मिर्च और सेंधा नमक इस्तेमाल किया जाता है।

इसके अलावा सिंघाड़े का आटा, कुट्टू का आटा, समा चावल, राजगीरा, मूंगफली, साबुदाना, मखाना, दूध, दही, फल और कुछ खास सब्जियां जैसे-आलू, अरबी, कच्चे केले को खानपान में शामिल किया जा सकता है। पिस्ते को छोड़कर बाकी सारे ड्राय फ्रूट्स का सेवन भी व्रत के दौरान किया जा सकता है।

उत्तर भारत में इस दौरान जगराते का आयोजन किया जाता है तो वहीं पूर्व में कोलकाता की दुर्गा पूजा दुनियाभर में मशहूर है। गुजरात में डांडिया, गरबा के बिना नवरात्रि का त्योहार अधूरा है।

टिप्पणियाँ

समाज की हलचल

घर की छत पर किस दिशा में लगाएं ध्वज, कैसा होना चाहिए इसका रंग, किन बातों का रखें ध्यान?

समुद्र शास्त्र: शंखिनी, पद्मिनी सहित इन 5 प्रकार की होती हैं स्त्रियां, जानिए इनमें से कौन होती है भाग्यशाली

सुवालका कलाल जाति को ओबीसी वर्ग में शामिल करने की मांग

25 किलो काजू बादाम पिस्ते अंजीर  अखरोट  किशमिश से भगवान भोलेनाथ  का किया श्रृगार

मैत्री भाव जगत में सब जीवों से नित्य रहे- विद्यासागर महाराज

महिला से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में एक आरोपित गिरफ्तार

घर-घर में पूजी दियाड़ी, सहाड़ा के शक्तिपीठों पर विशेष पूजा अर्चना