जहाजपुर में शहरी ओलंपिक 26 जनवरी से, खेल मैदान अतिक्रमण व जर्जर अवस्था मे

 



भीलवाड़ा जहाजपुर में शहरी ओलंपिक प्रतियोगिता के ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन की शुरुआत हो चुकी है। 26 जनवरी को प्रतियोगिताएं आयोजित की जानी है लेकिन नगर में केवल दो (गांधी व नेहरू) खेल मैदान है जो जर्जर अवस्था व अतिक्रमण की चपेट मे है। कई साल हो चुके है स्थानीय जन प्रतिनिधियों की अनदेखी एवं प्रशासन के रख रखाव के अभाव में लोगों ने कब्जा कर रखा है। मैदान में बिलायती बबूल के पेड़ उग रहे है किचड़ व पानी से भरे पड़े है। अभी हाल ही मे गांधी मैदान को शहरी नरेगा योजना के तहत जरूर सफाई की गई है। लेकिन नेहरू मैदान अभी भी खस्ताहाल है। 
गौरतलब है कि ग्रामीण ओलंपिक प्रतियोगिता में भी उपखंड मुख्यालय पर जो प्रतियोगिताएं आयोजित की जानी थी वो भी खेल मैदानों की दुर्दशा के चलते ग्राम पंडेर में आयोजित की गई। उपखंड स्तरीय प्रतियोगिता ग्राम में क्यों आयोजित की गई किसी भी जन प्रतिनिधियों ने इस मामले को लेकर आवाज नहीं उठाई। क्या नगर या उपखंड मुख्यालय पर खेल मैदान होना नहीं चाहिए। क्या कोई भी जनप्रतिनिधि नही चाहता कि खेल से क्षेत्र का नाम रोशन हो। किसी जन प्रतिनिधियों ने इस ओर ध्यान गया या किसी ने इस बाबत कदम उठाए हो तो सार्वजनिक करें। मिडिया हर बार खेल मैदानों की खबरें प्रकाशित करता आ रहा है लेकिन जनप्रतिनिधियों व प्रशासन के नुमाइंदों ने शायद देखना सुनना बंद कर रखा है।
अब तक के इतिहास में पहली बार राज्य सरकार 240 नगरीय निकायों में 7 खेलों का शहरी ओलिंपिक का आयोजन करने जा रही है। हर आयु वर्ग का खिलाड़ी ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कर शहरी ओलंपिक में शामिल हो सकता है। कबड्डी, टेनिस बॉल क्रिकेट, खो-खो, वॉलीबॉल, एथलेटिक्स, फुटबॉल और बास्केटबॉल प्रतियोगिताएं  होगी। रजिस्ट्रेशन पोर्टल बुधवार से शुरू हो गया है। पोर्टल पर 21 जनवरी तक रजिस्ट्रेशन करवा जा सकता है। प्रतियोगिता 26 जनवरी से शुरू होंगी। शहरी ओलिंपिक में खो-खो सिर्फ बालिका वर्ग के लिए होगा। जबकि 6 दूसरे खेलों में बालक और बालिका दोनों वर्ग के खिलाड़ी हिस्सा ले सकेंगे। ग्रामीण ओलंपिक की तर्ज पर शहरी ओलंपिक में भी उम्र सीमा तय नहीं की गई है।

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